
सरायपाली। अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) अनुपमा आनंद की अध्यक्षता में फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत ब्लॉक टास्क फोर्स की एक बैठक रखी गई, जिसमें सभी विभाग प्रमुखों के द्वारा फाइलेरिया के दवाई का सेवन किया गया। इस कार्यक्रम के संबंध में खण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ कुणाल नायक ने बताया गया कि फाईलेरिया बीमारी क्युलेक्स मच्छर के काटने से एक संक्रमित व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलता है इसलिए फाईलेरिया रोधी दवाई सभी को खाना चाहिए। एक बार फाइलेरिया हो जाने के बाद इसका ईलाज सिर्फ सर्जरी है, जो कि एक जटिल प्रक्रिया है। सामूहिक दवा सेवन कार्यक्रम 10 फरवरी से 25 फरवरी तक उम्रानुसार व हाईट के आधार पर आंगनबाड़ी केंद्र, सभी शासकीय व निजी विद्यालय में तथा स्वास्थ्य टीम के द्वारा घर घर जाकर अपने समक्ष आईडीए (इवरमेटिन, डेक व एल्बेन्डाजोल) की दवाई खिलायी जाएगी। उपरोक्त फाईलेरिया रोधी दवाई (एमडीए) को गर्भवती महिलाओं, 0 से 2 वर्ष के बच्चे व गंभीर बीमारी वालों को नहीं खिलाने की सलाह दी गई। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग द्वारा आम नागरिकों से उपरोक्त दवाई का सेवन निसंकोच करने व उक्त दवा विश्व स्वास्थ्य संगठन की गाइडलाइन के अनुसार खिलाये जाने की बात कही गई। साथ ही दवाई सेवन के बाद किसी भी प्रकार की विपरीत परिस्थिति उत्पन्न होने पर नजदीक के स्वास्थ्य केंद्र में या आवश्यकता अनुसार टोल फ्री नंबर 104,108 व 112 में संपर्क करने के लिए कहा गया। इस बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रकाश मेश्राम, नगर पालिका अधिकारी दिनेश यादव, तहसीलदार, विकास खंड कार्यक्रम प्रबन्धक शीतल सिंह व अन्य सभी अधिकारी उपस्थित थे।




